कुंडली पास
कुंडली पास (Kundli Pass या Kundali Pass) धौलाधार रेंज में हिमाचल प्रदेश (HP), भारत में स्थित एक ऊँची ऊँचाई वाला पर्वतीय दर्रा है, जिसकी ऊँचाई लगभग 4,550 मीटर (14,928 फीट) है।
यह एक ऑफबीट और चुनौतीपूर्ण ट्रेक है जो कांगड़ा घाटी (धर्मशाला/मैक्लोड गंज के पास) को चंबा घाटी (भरमौर की ओर) से जोड़ता है। स्थानीय लोग और गद्दी चरवाहे परंपरागत रूप से इसका इस्तेमाल करते हैं, खासकर शरद ऋतु में, लेकिन यह अभी भी बड़े पैमाने पर पर्यटन से अपेक्षाकृत अछूता है।
मुख्य आकर्षण:
- स्थान: धौलाधार हिमालय, हिमाचल प्रदेश। यह मून पीक (4,650 मीटर) और टोरल पास (4,375 मीटर) जैसे चोटियों के बीच स्थित है और उत्तर की ओर कांगड़ा घाटी की तरफ है।
- कठिनाई: कठिन से बहुत कठिन — खड़ी चढ़ाई, उच्च ऊँचाई, दुर्गम इलाका और अनिश्चित मौसम। केवल अनुभवी ट्रेकर्स के लिए उपयुक्त, जिन्होंने अच्छी acclimatization की हो।
- सामान्य ट्रेक रूट (एक तरफ 5–6 दिन):
- खानियारा (धर्मशाला के पास) या कभी-कभी मैक्लोड गंज/सिद्धबाड़ी साइड से शुरू होता है।
- थाथरना, खडोटा, बकलुद्दू जैसे गाँवों/गद्दी बस्तियों से गुजरता है, फिर पास की ओर चढ़ाई करता है।
- कुवारसी/लामू या चंबा साइड की ओर उतराई।
- कुल दूरी अलग-अलग हो सकती है, लेकिन यह एक क्रॉसओवर ट्रेक है जिसमें अल्पाइन घास के मैदान, चट्टानी हिस्से और चरवाहों के रास्ते शामिल हैं।
- सर्वश्रेष्ठ समय: मई के अंत से अक्टूबर की शुरुआत तक (मानसून में जोखिम हो सकता है; मानसून के बाद सितंबर–अक्टूबर को साफ नज़ारों और कम भूस्खलन के लिए अक्सर पसंद किया जाता है)।
- क्यों जाएँ?: यह कच्ची हिमालयन वाइल्डरनेस, धौलाधार चोटियों के मनोरम नज़ारे, वन्यजीवों के दर्शन और भीड़-भाड़ वाली routes जैसे इंद्रहार पास से दूर सच्चे साहस की अनुभूति प्रदान करता है।
कुंडली पास ट्रेक का विस्तृत 5-दिवसीय इटिनररी (सबसे आम और व्यावहारिक क्रॉसओवर संस्करण)। यह कांगड़ा साइड (मैक्लोड गंज/धर्मशाला के पास) से शुरू होकर चंबा साइड (भरमौर/क्वारसी की ओर) पर समाप्त होता है। यह धौलाधार रेंज में एक ऑफबीट, चुनौतीपूर्ण उच्च ऊँचाई वाला ट्रेक है, जो केवल अच्छी फिटनेस और पहले उच्च ऊँचाई वाले ट्रेकिंग अनुभव वाले अनुभवी ट्रेकर्स के लिए उपयुक्त है।
ट्रेक ओवरव्यू
- अवधि: 5 दिन (4 रातें कैंपिंग)
- कुल ट्रेकिंग दूरी: लगभग 35–45 किमी
- सबसे ऊँचा बिंदु: कुंडली पास – 4,550 मीटर (14,928 फीट)
- कठिनाई: कठिन से बहुत कठिन (खड़ी चढ़ाई/उतराई, कुछ हिस्सों में अच्छे निशान वाली trails नहीं, उच्च ऊँचाई, दुर्गम इलाका)
- सर्वश्रेष्ठ समय: मई के अंत–जून (बर्फ पिघलने के बाद) या सितंबर–मध्य अक्टूबर (साफ आसमान, स्थिर मौसम)। मानसून (जुलाई–अगस्त) में भूस्खलन और फिसलन भरी trails के कारण बचें।
- आवास: पूरे ट्रेक में टेंट कैंपिंग (ज्यादातर दिनों में कोई हट या लॉज नहीं)
- शुरुआती बिंदु: मैक्लोड गंज / धर्मशाला
- समाप्ति बिंदु: क्वारसी गाँव → भरमौर या चंबा तक ड्राइव
ट्रेक के लिए आवश्यक टिप्स
- आवश्यक फिटनेस: अच्छी कार्डियोवैस्कुलर फिटनेस, मजबूत पैर (खड़ी चढ़ाई/उतराई के लिए), और पिछले ट्रेकिंग अनुभव (कम से कम 4,000 मीटर+ ऊँचाई)।
- गाइडेड ट्रेक की सलाह: बहुत strongly सलाह दी जाती है — रास्ते चिह्नित नहीं हैं, और स्थानीय गद्दी गाइड रूट, मौसम और सुरक्षा से अच्छी तरह वाकिफ होते हैं। मैक्लोड गंज/धर्मशाला में कई ऑपरेटर्स यह ट्रेक आयोजित करते हैं (5 दिनों के लिए प्रति व्यक्ति लागत आमतौर पर ₹12,000–18,000, जिसमें भोजन, टेंट, गाइड, पोर्टर शामिल)।
- गियर लिस्ट (जरूरी सामान):
- अच्छी ग्रिप वाली ट्रेकिंग बूट्स
- ट्रेकिंग पोल
- गर्म कपड़े (फ्लीस, डाउन जैकेट)
- रेन कवर / वॉटरप्रूफ कपड़े
- स्लीपिंग बैग (0°C या उससे नीचे के लिए रेटेड)
- हेडलैंप, फर्स्ट-एड किट, सनस्क्रीन, पानी शुद्ध करने की दवा
- ऊँचाई की बीमारी की दवाइयाँ (Diamox – डॉक्टर से सलाह लें)
- परमिट/अनुमति: स्थानीय प्रशासन से संपर्क करें (मौसम की स्थिति के कारण) और अपने ऑपरेटर/वन विभाग से जांच करें
- समूह का आकार: छोटे समूह (4–8 लोग) में अनुभवी गाइड के साथ सबसे अच्छा।
मौसम और सुरक्षा: पर्याप्त पानी साथ रखें; नदियाँ उपलब्ध हैं लेकिन पानी शुद्ध करें। सबसे अच्छे मौसम में भी अचानक बारिश/बर्फ पड़ सकती है।